vedamrit
Reset
Home
प्रमुख ग्रंथ
भगवद गीता
श्रीमद् रामायण
श्रीमद् भागवतम
श्री महाभारत
श्री रामचरितमानस
श्रीमद् विष्णु पुराण
श्रीचैतन्य भागवत
श्रीचैतन्य चरितामृत
भक्तिरसामृतसिन्धु
वैष्णव भजन, इस्कॉन आरती
Articles
Apps
About
श्री चैतन्य भागवत
»
खण्ड 2: मध्य-खण्ड
»
अध्याय 8: भगवान की आभूषण का प्रकटन
»
श्लोक 235
श्लोक
2.8.235
কেহ বলে,—“সত্য সত্য এই সে উত্তর
নহিলে কেমনে ডাকে এ অষ্ট প্রহর”
केह बले,—“सत्य सत्य एइ से उत्तर
नहिले केमने डाके ए अष्ट प्रहर”
अनुवाद
किसी और ने कहा, “यही सत्य है, अन्यथा वे चौबीस घंटे क्यों चिल्लाते?”
Someone else said, “This is the truth, otherwise why would they shout twenty-four hours a day?”
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
© 2023 vedamrit.in - All Rights Reserved. Developed by ACd
Download SongBook App
Install
×