श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 2: मध्य-खण्ड  »  अध्याय 7: गदाधर और पुण्डरीक का मिलन  »  श्लोक 48
 
 
श्लोक  2.7.48 
শুনি’ গদাধর বড হরিষ হৈলা
সেই-ক্ষণে ’কৃষ্ণ’ বলি’ দেখিতে চলিলা
शुनि’ गदाधर बड हरिष हैला
सेइ-क्षणे ’कृष्ण’ बलि’ देखिते चलिला
 
 
अनुवाद
यह सुनकर गदाधर बहुत प्रसन्न हुए और कृष्ण का नाम जपते हुए तुरंत वहाँ से चले गए।
 
Hearing this, Gadadhara became very happy and immediately left the place chanting the name of Krishna.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)