श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 2: मध्य-खण्ड  »  अध्याय 7: गदाधर और पुण्डरीक का मिलन  »  श्लोक 20
 
 
श्लोक  2.7.20 
প্রভু বলে,—“তোমরা সকলে ভাগ্যবান্
শুনিতে হৈল ইচ্ছা তাঙ্হার আখ্যান
प्रभु बले,—“तोमरा सकले भाग्यवान्
शुनिते हैल इच्छा ताङ्हार आख्यान
 
 
अनुवाद
प्रभु ने उत्तर दिया, “आप सभी सचमुच भाग्यशाली हैं, क्योंकि आपमें उनके बारे में सुनने की इच्छा जागृत हुई है।
 
The Lord replied, “You are all truly fortunate, because you have a desire to hear about Him.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)