श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 2: मध्य-खण्ड  »  अध्याय 5: नित्यानंद की व्यास-पूजा समारोह और उनका भगवान के षड्भुज रूप का दर्शन  »  श्लोक 88
 
 
श्लोक  2.5.88 
প্রভুরে ডাকিযা বলে শ্রীবাস উদার
“না পূজেন ব্যাস এই শ্রীপাদ তোমার”
प्रभुरे डाकिया बले श्रीवास उदार
“ना पूजेन व्यास एइ श्रीपाद तोमार”
 
 
अनुवाद
तत्पश्चात् उदार श्रीवास ने भगवान को बताया, "आपके श्रीपाद व्यास की पूजा नहीं कर रहे हैं।"
 
Thereupon the generous Srivasa told the Lord, "Your Sripada is not worshipping Vyasa."
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)