श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 2: मध्य-खण्ड  »  अध्याय 28: भगवान का संन्यास ग्रहण लीला  »  श्लोक 156
 
 
श्लोक  2.28.156 
বুঝ দেখি তাহা তুমি কিবা হয নহে”
এত বলিঽ প্রভু তাঙ্ঽর কর্ণে মন্ত্র কহে
बुझ देखि ताहा तुमि किबा हय नहे”
एत बलिऽ प्रभु ताङ्ऽर कर्णे मन्त्र कहे
 
 
अनुवाद
“कृपया जांच लें कि यह उचित है या नहीं।” इस प्रकार बोलते हुए भगवान ने केशव भारती के कान में मंत्र बोला।
 
“Please check whether this is correct or not.” Thus speaking, the Lord whispered a mantra into Keshav Bharati’s ear.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)