ঈশ্বরে সে ঈশ্বরের কলহের পাত্র
কে বুঝিবে বিষ্ণু-বৈষ্ণবের লীলা মাত্র
ईश्वरे से ईश्वरेर कलहेर पात्र
के बुझिबे विष्णु-वैष्णवेर लीला मात्र
अनुवाद
केवल परमेश्र्वर ही परमेश्र्वर से झगड़ा करने में समर्थ हैं। विष्णु और वैष्णवों की लीलाओं को कौन समझ सकता है?
Only the Supreme Lord is capable of quarreling with the Supreme Lord. Who can understand the pastimes of Vishnu and the Vaishnavas?
तात्पर्य
विष्णु तथा उनके अनन्य दासी वैष्णव, ईश्वर या प्रभु हैं। सामान्य लोग इसे समझ नहीं सकते। विष्णु के विभिन्न रूपों से निर्मित मतभेदों तथा सर्वोच्च स्वामी के प्रति उनके प्रेम को बढ़ाने के लिए वैष्णवों के बीच किए गए झगड़े का नाटक सामान्य लोगों के लिए समझ के परे है जो कर्म के फलों का आनंद लेने को मजबूर हैं। विष्णु और वैष्णव, जीवों के ईश्वर या प्रभु हैं, जो कर्म के फलों का आनंद लेने को मजबूर हैं। इसलिए, अज्ञानी और सरलता से समझने वाले लोग जो एक प्रभु और दूसरे वैष्णव प्रभु के बीच व्यवहार, या श्री नित्यानंद और श्री अद्वैत के बीच स्पष्ट झगड़े को, सामान्य व्यवहार के समान मानते हैं और इस प्रकार निंदा और प्रशंसा में प्रवेश करते हैं, वे केवल मूर्ख हैं।
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥