श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 2: मध्य-खण्ड  »  अध्याय 22: श्री शचीदेवी की अपराध से मुक्ति और नित्यानंद के गुणों का वर्णन  »  श्लोक 97
 
 
श्लोक  2.22.97 
হরিল সবার চিত্ত প্রভু বিশ্বম্ভর
সবে দেখে শিশু-রূপ পরম সুন্দর
हरिल सबार चित्त प्रभु विश्वम्भर
सबे देखे शिशु-रूप परम सुन्दर
 
 
अनुवाद
भगवान विश्वम्भर ने सभी के हृदयों को मोह लिया, जब उन्होंने उनके बाल रूप को अत्यंत आकर्षक रूप में देखा।
 
Lord Vishvambhara captivated everyone's hearts when they saw His child form in a very attractive form.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)