vedamrit
Reset
Home
प्रमुख ग्रंथ
भगवद गीता
श्रीमद् रामायण
श्रीमद् भागवतम
श्री महाभारत
श्री रामचरितमानस
श्रीमद् विष्णु पुराण
श्रीचैतन्य भागवत
श्रीचैतन्य चरितामृत
भक्तिरसामृतसिन्धु
वैष्णव भजन, इस्कॉन आरती
Articles
Apps
About
श्री चैतन्य भागवत
»
खण्ड 2: मध्य-खण्ड
»
अध्याय 21: भगवान द्वारा देवानंद को प्रताड़ना
»
श्लोक 29
श्लोक
2.21.29
এই মত প্রতি-দিন প্রভু বিশ্বম্ভর
ভ্রমযে নগর সর্ব সঙ্গে অনুচর
एइ मत प्रति-दिन प्रभु विश्वम्भर
भ्रमये नगर सर्व सङ्गे अनुचर
अनुवाद
इस प्रकार भगवान विश्वम्भर प्रतिदिन अपने अनुयायियों के साथ नगर में विचरण करते थे।
In this way Lord Vishvambhar used to roam around the city every day with his followers.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
© 2023 vedamrit.in - All Rights Reserved. Developed by ACd
Download SongBook App
Install
×