श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 2: मध्य-खण्ड  »  अध्याय 20: मुरारी गुप्त की महिमा  »  श्लोक 85
 
 
श्लोक  2.20.85 
পাসরিলা তোমাঽ লঞা গেলুঙ্ বাণপুরে
খণ্ড খণ্ড কৈলুঙ্ মুঞি স্কন্দের মযূরে
पासरिला तोमाऽ लञा गेलुङ् बाणपुरे
खण्ड खण्ड कैलुङ् मुञि स्कन्देर मयूरे
 
 
अनुवाद
“शायद आप भूल गए कि मैं आपको बाणपुर ले गया था, जहाँ मैंने कार्तिकेय के मोर को टुकड़े-टुकड़े कर दिया था।
 
“Perhaps you forgot that I took you to Banpur, where I tore Kartikeya's peacock to pieces.
तात्पर्य
श्रीमद् भागवतम्, दशम स्कन्ध, अध्याय बासठ और साठ-तीन देखें।
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)