ব্রাহ্মণ হৈযা হেন দুষ্ট ব্যবহার
এ দোঙ্হার যম-ঘরে নাহিক নিস্তার
ब्राह्मण हैया हेन दुष्ट व्यवहार
ए दोङ्हार यम-घरे नाहिक निस्तार
अनुवाद
"यद्यपि वे ब्राह्मण हैं, फिर भी उनका आचरण अत्यंत घृणित है। ये दोनों यमराज के दंड से बच नहीं पाएँगे।"
"Although they are Brahmins, their conduct is extremely despicable. These two will not escape the punishment of Yamaraja."
तात्पर्य
जब कोई मनुष्य पापों का त्याग कर पुण्य अर्जित करता है तो उसका जन्म उच्च ब्राह्मण कुल मे होता है। ब्राह्मण की पहचान इस सृष्टि मे श्रेष्ठतम होती है। ब्राह्मण की सर्वत्र पूजा होती है और उसका आचरण अनुकरणीय होता है। सजीव अपनी पाप वृति से ब्राह्मण के अतिरिक्त अन्य वर्णो की पहचान बनाने मे गर्व करते है किंतु वास्तविक ब्राह्मण की पहचान बनाने मे कोई दोष नही हो सकता है। पापी प्राणी यमराज के द्वारा दंडित होते है। विशेषकर ब्राह्मण कुल मे पुण्य के प्रभाव से जन्म लेकर पुनः समुचित शिक्षा पाने के विलक्षण अवसर पाकर भी यदि मूढ होकर अनेक अपराध करता है तो वह यमराज के निवास मे असीम कष्ट से कभी छूट नही सकता।
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥