श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 2: मध्य-खण्ड  »  अध्याय 10: भगवान के महाप्रकाश लीला का समापन  »  श्लोक 319
 
 
श्लोक  2.10.319 
জয গৌরচন্দ্র নিত্যানন্দের জীবন
তোর নিত্যানন্দ মোর হৌ প্রাণ-ধন
जय गौरचन्द्र नित्यानन्देर जीवन
तोर नित्यानन्द मोर हौ प्राण-धन
 
 
अनुवाद
नित्यानंद के प्राण स्वरूप गौरचन्द्र की जय हो! आपका नित्यानंद ही मेरा जीवन और धन हो।
 
Glory to Gaurachandra, the life force of Nityananda! May your Nityananda be my life and wealth.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)