vedamrit
Reset
Home
प्रमुख ग्रंथ
भगवद गीता
श्रीमद् रामायण
श्रीमद् भागवतम
श्री महाभारत
श्री रामचरितमानस
श्रीमद् विष्णु पुराण
श्रीचैतन्य भागवत
श्रीचैतन्य चरितामृत
भक्तिरसामृतसिन्धु
वैष्णव भजन, इस्कॉन आरती
Articles
Apps
About
श्री चैतन्य भागवत
»
खण्ड 2: मध्य-खण्ड
»
अध्याय 1: भगवान के प्रतिष्ठान का प्रारंभ और कृष्ण-संकीर्तन पर निर्देश
»
श्लोक 346
श्लोक
2.1.346
সে-সব কৃষ্ণের দাস,—জানিহ নিশ্চয
কৃষ্ণ যাঙ্রে পডাযেন, সে কি অন্য হয?
से-सब कृष्णेर दास,—जानिह निश्चय
कृष्ण याङ्रे पडायेन, से कि अन्य हय?
अनुवाद
यह निश्चय जान लो कि वे सभी कृष्ण के सनातन सेवक हैं। जब स्वयं कृष्ण उन्हें शिक्षा दे रहे हैं, तो क्या वे कोई और हो सकते हैं?
Know for certain that they are all eternal servants of Krishna. When Krishna himself is teaching them, can they be anyone else?
तात्पर्य
निम्नलिखित छंद 397 देखें।
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
© 2023 vedamrit.in - All Rights Reserved. Developed by ACd
Download SongBook App
Install
×