श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 1: आदि-खण्ड  »  अध्याय 8: जगन्नाथ मिश्र का तिरोभाव  »  श्लोक 154
 
 
श्लोक  1.8.154 
কত-ক্ষণে শচীদেবী মালা আনাইযা
গঙ্গা পূজিবর সজ্জ প্রত্যক্ষ করিযা
कत-क्षणे शचीदेवी माला आनाइया
गङ्गा पूजिबर सज्ज प्रत्यक्ष करिया
 
 
अनुवाद
इसके कुछ ही समय बाद शचीदेवी गंगा पूजन हेतु माला तथा अन्य सामग्री लेकर आईं।
 
Shortly after this, Sachidevi brought garlands and other materials for Ganga worship.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)