श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 1: आदि-खण्ड  »  अध्याय 7: श्री विश्वरूप का संन्यास ग्रहण  »  श्लोक 184
 
 
श्लोक  1.7.184 
সবেই ভর্ত্সেন ঠাকুরের জননীর
সবে বোলে,—“কেনে নাহি দেহ’ পডিবারে?
सबेइ भर्त्सेन ठाकुरेर जननीर
सबे बोले,—“केने नाहि देह’ पडिबारे?
 
 
अनुवाद
तब वहां उपस्थित सभी लोगों ने भगवान की मां को डांटा, “आप उन्हें पढ़ाई करने की अनुमति क्यों नहीं देतीं?
 
Then everyone present there scolded the Mother of God, “Why don't you allow him to study?
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)