vedamrit
Reset
Home
प्रमुख ग्रंथ
भगवद गीता
श्रीमद् रामायण
श्रीमद् भागवतम
श्री महाभारत
श्री रामचरितमानस
श्रीमद् विष्णु पुराण
श्रीचैतन्य भागवत
श्रीचैतन्य चरितामृत
भक्तिरसामृतसिन्धु
वैष्णव भजन, इस्कॉन आरती
Articles
Apps
About
श्री चैतन्य भागवत
»
खण्ड 1: आदि-खण्ड
»
अध्याय 7: श्री विश्वरूप का संन्यास ग्रहण
»
श्लोक 102
श्लोक
1.7.102
যোগ্য নহে এ-সব লোকের সনে বাস
বনে চলি’ যাঙ বলি’ সবে ছাডে শ্বাস
योग्य नहे ए-सब लोकेर सने वास
वने चलि’ याङ बलि’ सबे छाडे श्वास
अनुवाद
“ऐसे लोगों के साथ रहना उचित नहीं है, इसलिए हमें वन में चले जाना चाहिए।” यह कहकर उन्होंने गहरी साँस ली।
"It's not right to live with such people, so we should go into the forest." Saying this, he took a deep breath.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
© 2023 vedamrit.in - All Rights Reserved. Developed by ACd
Download SongBook App
Install
×