श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 1: आदि-खण्ड  »  अध्याय 4: नाम-करण समारोह, बचपन की लीलाएँ, और चोरों का भगवान को हरना  »  श्लोक 77
 
 
श्लोक  1.4.77 
এই-মত দিনে-দিনে শ্রী-শচীনন্দন
হাঙ্টিযা করযে প্রভু অঙ্গনে ভ্রমণ
एइ-मत दिने-दिने श्री-शचीनन्दन
हाङ्टिया करये प्रभु अङ्गने भ्रमण
 
 
अनुवाद
इस प्रकार श्री शचीनंदन अंततः घर के आंगन में टहलने लगे।
 
Thus Shri Sachinandan finally started walking in the courtyard of the house.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)