श्री चैतन्य भागवत  »  खण्ड 1: आदि-खण्ड  »  अध्याय 14: भगवान की पूर्व बंगाल की यात्रा और लक्ष्मीप्रिया का तिरोभाव  »  श्लोक 109
 
 
श्लोक  1.14.109 
ঈশ্বর থাকিযা কত-দিন বঙ্গ-দেশে
আসিতে হৈল ইচ্ছা নিজ-গৃহ-বাসে
ईश्वर थाकिया कत-दिन बङ्ग-देशे
आसिते हैल इच्छा निज-गृह-वासे
 
 
अनुवाद
कुछ समय तक पूर्वी बंगाल में रहने के बाद, भगवान ने घर लौटने की इच्छा व्यक्त की।
 
After staying in East Bengal for some time, Bhagavan expressed his desire to return home.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)