vedamrit
Reset
Home
प्रमुख ग्रंथ
भगवद गीता
श्रीमद् रामायण
श्रीमद् भागवतम
श्री महाभारत
श्री रामचरितमानस
श्रीमद् विष्णु पुराण
श्रीचैतन्य भागवत
श्रीचैतन्य चरितामृत
भक्तिरसामृतसिन्धु
वैष्णव भजन, इस्कॉन आरती
Articles
Apps
About
श्री चैतन्य भागवत
»
खण्ड 1: आदि-खण्ड
»
अध्याय 11: श्री ईश्वर पुरी से मिलन
»
श्लोक 91
श्लोक
1.11.91
শেষে সবে বোলিলেন,—“নিমাই পণ্ডিত”
“তুমি সে!” বলিযা বড হৈলা হরষিত
शेषे सबे बोलिलेन,—“निमाइ पण्डित”
“तुमि से!” बलिया बड हैला हरषित
अनुवाद
जब अन्य लोगों ने उत्तर दिया, “वह निमाई पंडित हैं,” तो ईश्वर पुरी ने प्रसन्नतापूर्वक कहा, “तो, आप निमाई हैं!”
When others replied, “He is Nimai Pandit,” Ishwar Puri happily said, “So, you are Nimai!”
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
© 2023 vedamrit.in - All Rights Reserved. Developed by ACd
Download SongBook App
Install
×