श्री भक्ति रसामृत सिंधु  »  सागर 2: दक्षिणी विभाग: सामान्य भक्ति रस  »  लहर 1: विभाव (आनंदवर्धक अवस्थाएँ)  »  श्लोक 348
 
 
श्लोक  2.1.348 
तत्र युगम् —
परिधानं स-संव्यानं युग-रूपम् उदीरितम् ॥२.१.३४८॥
 
 
अनुवाद
"टू-पीस ड्रेस से तात्पर्य कमर के चारों ओर लपेटा गया निचला कपड़ा और ऊपर शॉल से है।"
 
"A two-piece dress refers to a lower garment wrapped around the waist and a shawl on top."
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)