Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 bhagavat 9.6.43: इसके बाद, जब सौभरि मुनि यौवन तथा रूप से परिपूर्ण हो गये तब राजमहल का दूत उन्हें राजकुमारियों के निवास पर ले गया, जो अति सुन्दर था। तत्पश्चात वे पचासों राजकुमारियाँ उस एक व्यक्ति को अपना पति मानने लगीं। | bhagavat अध्याय 9.6: सौभरि मुनि का पतन । bhagavat स्कन्ध 9: मुक्ति । श्रीमद् भागवतम Srimad Bhagavatam | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
इसके बाद, जब सौभरि मुनि यौवन तथा रूप से परिपूर्ण हो गये तब राजमहल का दूत उन्हें राजकुमारियों के निवास पर ले गया, जो अति सुन्दर था। तत्पश्चात वे पचासों राजकुमारियाँ उस एक व्यक्ति को अपना पति मानने लगीं।
Thereafter when Saubhari Muni became young and handsome, a messenger from the royal palace took him to the harem of the princesses which was extremely luxurious. Thereafter those fifty princesses made that single man their husband.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥