Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 bhagavat 9.12.7: मरु से प्रसुश्रुत नाम के पुत्र का जन्म हुआ और प्रसुश्रुत से सन्धि, सन्धि से अमर्षण और अमर्षण से महस्वान नाम का एक पुत्र उत्पन्न हुआ। महस्वान से विश्वबाहु ने जन्म लिया। | bhagavat अध्याय 9.12: भगवान् रामचन्द्र के पुत्र कुश की वंशावली । bhagavat स्कन्ध 9: मुक्ति । श्रीमद् भागवतम Srimad Bhagavatam | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
तस्मात् प्रसुश्रुतस्तस्य सन्धिस्तस्याप्यमर्षण: ।
महस्वांस्तत्सुतस्तस्माद् विश्वबाहुरजायत ॥ ७ ॥
अनुवाद
मरु से प्रसुश्रुत नाम के पुत्र का जन्म हुआ और प्रसुश्रुत से सन्धि, सन्धि से अमर्षण और अमर्षण से महस्वान नाम का एक पुत्र उत्पन्न हुआ। महस्वान से विश्वबाहु ने जन्म लिया।
Maru gave birth to a son named Prasushruta, from whom was born Sandhi, then from Sandhi was born Amarshan and from Amarshan was born a son named Mahaswan. Vishwabahu was born from Mahaswan.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥