पारं महिम्न उरुविक्रमतो गृणानो
य: पार्थिवानि विममे स रजांसि मर्त्य: ।
किं जायमान उत जात उपैति मर्त्य
इत्याह मन्त्रदृगृषि: पुरुषस्य यस्य ॥ २९ ॥
अनुवाद
मरणशील व्यक्ति सम्पूर्ण पृथ्वी के कणों की गिनती नहीं कर सकता और इसी प्रकार वह त्रिविक्रम अर्थात् भगवान विष्णु की महिमा की गहराई का अनुमान नहीं लगा सकता है। ऐसा कोई भी व्यक्ति चाहे वह पहले ही जन्म ले चुका हो या फिर जन्म लेने वाला हो, यह नहीं कर सकता। यह महर्षि वसिष्ठ द्वारा गाया गया है।
A mortal cannot fathom the glory of Lord Trivikrama i.e. Vishnu, just as he cannot know the number of particles in the entire earth. No person who has taken birth or is about to take birth can do this. This has been sung by Maharishi Vasishtha.
तात्पर्य
वासिष्ठ मुनि ने एक मन्त्र भगवान विष्णु के बारे में दिया है: न ते विष्णोर जयमानो न जातो महिम्नाः पारम अनंत आप। भगवान विष्णु की असामान्य रूप से शानदार गतिविधियों की ऊंचाई का कोई अनुमान नहीं लगा सकता है। दुर्भाग्य से, तथाकथित वैज्ञानिक हैं जो हर पल मृत्यु के अधीन हैं, लेकिन ब्रह्मांड के अद्भुत निर्माण को अटकलों से समझने की कोशिश कर रहे हैं। यह एक मूर्खतापूर्ण प्रयास है। बहुत पहले, वसिष्ठ मुनि ने कहा था कि भगवान की महिमा को अतीत में कोई भी नहीं माप सकता है और भविष्य में कोई भी ऐसा नहीं कर सकता है। बस सर्वोच्च भगवान के निर्माण की शानदार गतिविधियों को देखकर संतुष्ट हो जाना चाहिए। इसलिए भगवान ने भगवद गीता (10.42), विष्टभ्याहम इदम कृत्स्नम एकाँशेन स्थापितो जगत्: में कहा है: "अपने आप के एक ही अंश के साथ, मैं इस पूरे ब्रह्मांड को व्याप्त करता हूँ और सहारा देता हूँ।" भौतिक दुनिया में असंख्य ब्रह्मांड होते हैं, जिनमें से प्रत्येक असंख्य ग्रहों से भरा है, जिन्हें सभी परमेश्वर की भौतिक ऊर्जा के उत्पाद के रूप में माना जाता है। फिर भी यह केवल भगवान की रचना का एक चौथाई हिस्सा है। शेष तीन भागों का निर्माण आध्यात्मिक दुनिया है। केवल एक ही ब्रह्मांड में असंख्य ग्रहों में से तथाकथित वैज्ञानिक चंद्रमा और मंगल को भी नहीं समझ सकते हैं, लेकिन वे सर्वोच्च भगवान और उनकी असामान्य ऊर्जा के निर्माण को चुनौती देने की कोशिश करते हैं। ऐसे लोगों को पागल बताया गया है। नूनाम प्रमत्तः कुरुते विकर्म (भाग। 5.5.4)। ऐसे पागल लोग उरुक्रमा, भगवान के परम व्यक्तित्व की शानदार गतिविधियों को चुनौती देने के प्रयास में अनावश्यक रूप से समय, ऊर्जा और धन बर्बाद करते हैं।
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥