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तेषु यज्ञस्य पशव: सवनस्पतय: कुशा: ।
इदं च देवयजनं कालश्चोरुगुणान्वित: ॥ २४ ॥
अनुवाद
यज्ञों को सम्पन्न करने के लिए फूल, पत्ती, कुश जैसी यज्ञ सामग्रियों की जरूरत होती है। इसके अलावा, यज्ञ-वेदी और उपयुक्त समय (वसंत) भी आवश्यक है।
To perform Yagya festivals, apart from the Yagya materials like flowers, leaves, Kusha, a Yagya altar and the appropriate time (spring) are also required.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥