जब देवता भगवान की इस प्रकार स्तुति कर रहे थे, अचानक सर्वशक्तिमान प्रभु ने उनकी आंखों के सामने अनेक स्त्रियां प्रकट कर दीं, जो आश्चर्यजनक ढंग से सुंदर थीं और सुंदर वस्त्रों और आभूषणों से सजी थीं और सभी भगवान की सेवा में तन्मयता से लगी हुई थीं।
While the demigods were thus praising the Lord, the Almighty Lord suddenly caused a number of women to appear before their eyes, looking astonishingly splendid and adorned with beautiful clothing and ornaments and engaged in the service of the Lord.
तात्पर्य
प्रभु नर-नारायण ने देवताओं के मिथ्या अभिमान को दूर करके, उन पर अपनी अकारण कृपा बरसाई। हालाँकि देवता अपने सौंदर्य और अपने नारी-सहचरियों का घमंड करते थे, परंतु भगवान ने उन्हें दिखा दिया कि अनगिनत, सुंदर स्त्रियाँ जिनमें से प्रत्येक देवताओं के कृत्रिम कल्पना में उभरी हुई स्त्रियों से कहीं अधिक सुंदर थी, पहले से ही उनकी सेवा करती आ रही थीं। भगवान ने अपनी अलौकिक शक्ति से ऐसी अति आकर्षक स्त्रियों की सृष्टि की।
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥