अवन्ती देश में एक समय एक ब्राह्मण निवास करता था। वह अत्यन्त धनवान था और समस्त ऐश्वर्यों से युक्त था। वह व्यापार-कार्य में लगा रहता था। परन्तु वह बहुत ही कंजूस, कामी, लालची और क्रोधी स्वभाव का था।
Once upon a time there lived a Brahmin in Avanti country, who was very rich and had all the luxuries and was engaged in business. But he was very miserly, lustful, greedy and short-tempered.
तात्पर्य
श्रील श्रीधर स्वामी के अनुसार अवंती देश मालवा का जिला है। यह ब्राह्मण अत्यंत धनवान था और कृषि, बैंकिंग आदि क्षेत्रों में व्यवसाय करता था। एक कंजूस होने के नाते, जब उसकी कड़ी मेहनत से कमाई गई संपत्ति खो गई तो उसे पीड़ा का सामना करना पड़ा, जैसा कि स्वयं भगवान द्वारा वर्णित किया जाएगा।
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥