इस प्रकार, महान दार्शनिकों ने भौतिक तत्वों का अनेक प्रकार से विश्लेषण किया है। उनके सभी प्रस्ताव युक्तियुक्त हैं क्योंकि उन्हें पर्याप्त तर्क के साथ प्रस्तुत किया गया है। निस्संदेह, वास्तविक विद्वानों से ही ऐसी तार्किक प्रखरता की अपेक्षा की जाती है।
In this way, philosophers have analysed physical elements in many ways. All their proposals are logical because they are presented with sufficient reasoning. Undoubtedly, such logical sharpness is expected only from real scholars.
तात्पर्य
अनेकों विद्वान दार्शनिकों ने अनेक प्रकार से भौतिक जगत का विश्लेषण किया है, किन्तु निष्कर्ष सदैव एक ही निकला है - भगवान वासुदेव, जो कि परम पुरुष हैं। आकांक्षी दार्शनिकों को अपनी विशाल बुद्धि का प्रदर्शन करने में अपना कीमती समय बर्बाद करने की आवश्यकता नहीं है, क्योंकि भौतिक स्तर पर विश्लेषण करने के लिए अब बहुत कम शेष है। व्यक्ति को केवल परम सत्य, परम तत्व भगवान श्रीकृष्ण के समक्ष समर्पण कर देना चाहिए और ईश्वर के विषय में अपनी शाश्वत चेतना को उजागर करना चाहिए।
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥