ठीक जैसे हाथियों का राजा अपने झुंड के दूसरे हाथियों की रक्षा करता है और अपनी रक्षा भी स्वयं करता है, उसी प्रकार निर्भय राजा को पिता तुल्य अपनी सारी प्रजा को मुश्किलों से बचाना चाहिए और स्वयं की भी रक्षा करनी चाहिए।
Just as the king of elephants protects all the other elephants in his herd and also protects himself, similarly a fearless king, like a father, should protect all his subjects from difficulties and also protect himself.
तात्पर्य
भगवान कृष्ण ने ब्राह्मणों के कर्तव्यों के बारे में अपने चर्चा को समाप्त करने के बाद अब एक राजा के चरित्र और गतिविधियों का वर्णन किया। सभी नागरिकों को परेशानी से बचाना राजा के लिए एक आवश्यक कर्तव्य है।
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥