“हे यदुओं के प्रिय, हमने उसे आध्यात्मिक गुरु का आसन दिया था और जब तक यह यज्ञ चलता रहेगा तब तक उसे दीर्घ आयु और शारीरिक कष्टों से मुक्ति का वचन दिया था।”
“O beloved of the Yadus, we conferred on him the seat of the spiritual master and promised him long life and freedom from material suffering as long as this session lasts.
तात्पर्य
यद्यपि रोमहर्षण ब्राह्मण नहीं था और मिश्रित जाति से उत्पन्न हुआ था, उसे एकत्रित ऋषियों ने वह स्थिति प्रदान की और इस प्रकार उसे ब्रह्मासन दिया गया, जो मुख्य पुरोहित का स्थान है।
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥