Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 bhagavat 10.73.19: हे राजाओ, सौभाग्यवश तुमने सही फैसला लिया है और जैसा तुमने कहा है, वह सर्वथा सत्य है। मेरी समझ से, मनुष्यों में आत्मसंयम की कमी है। यह कमी ऐश्वर्य और सत्ता के मद के चलते उपजती है। उसी का परिणाम है, मादकता है। | bhagavat अध्याय 10.73: बन्दी-गृह से छुड़ाये गये राजाओं को कृष्ण द्वारा आशीर्वाद । bhagavat स्कन्ध 10: परम पुरुषार्थ । श्रीमद् भागवतम Srimad Bhagavatam | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हे राजाओ, सौभाग्यवश तुमने सही फैसला लिया है और जैसा तुमने कहा है, वह सर्वथा सत्य है। मेरी समझ से, मनुष्यों में आत्मसंयम की कमी है। यह कमी ऐश्वर्य और सत्ता के मद के चलते उपजती है। उसी का परिणाम है, मादकता है।
O kings, fortunately you have made the right decision and whatever you have said is true. I see that in men, lack of self-control, which is caused by the pride of wealth and power, only leads to intoxication.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥