Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 bhagavat 10.54.6: भगवान् की सेना के वीर गदा और संकर्षण आदि विरोधी राजाओं की आक्रामकता सहन नहीं कर सके। इसलिए उन्होंने लोहे के बाणों से शत्रुओं के घोड़ों, हाथियों और रथों पर प्रहार करना शुरू कर दिया। | bhagavat अध्याय 10.54: कृष्ण-रुक्मिणी विवाह । bhagavat स्कन्ध 10: परम पुरुषार्थ । श्रीमद् भागवतम Srimad Bhagavatam | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
भगवान् की सेना के वीर गदा और संकर्षण आदि विरोधी राजाओं की आक्रामकता सहन नहीं कर सके। इसलिए उन्होंने लोहे के बाणों से शत्रुओं के घोड़ों, हाथियों और रथों पर प्रहार करना शुरू कर दिया।
The brave warriors like Gad, Sankarshana etc. in the Lord's army could not withstand the attack of the enemy kings. So they started attacking the horses, elephants and chariots of the enemies with iron arrows.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥