Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 bhagavat 10.52.9: उन्हें भागते हुए देखकर शक्तिशाली जरासंध जोर-जोर से हंस पड़ा और सारथियों और पैदल सैनिकों को साथ लेकर उनका पीछा करने लगा। वह दोनों प्रभुओं के ऊंचे पद को नहीं समझ पाया। | bhagavat अध्याय 10.52: भगवान् कृष्ण के लिए रुक्मिणी-संदेश । bhagavat स्कन्ध 10: परम पुरुषार्थ । श्रीमद् भागवतम Srimad Bhagavatam | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
उन्हें भागते हुए देखकर शक्तिशाली जरासंध जोर-जोर से हंस पड़ा और सारथियों और पैदल सैनिकों को साथ लेकर उनका पीछा करने लगा। वह दोनों प्रभुओं के ऊंचे पद को नहीं समझ पाया।
Seeing them fleeing, the powerful Jarasandha burst into laughter and pursued them with his charioteers and infantry. He could not understand the high status of the two lords.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥