तब शुकदेव गोस्वामी बोले : हे महाराज परीक्षित, कुरुवंश के सर्वश्रेष्ठ रक्षक, उसके बाद नंद महाराज ने स्थानीय गोपालकों को गोकुल की रक्षा करने के लिए तैनात किया और स्वयं राजा कंस को सालाना कर देने के लिए मथुरा चले गए।
Sukadeva Goswami continued: O Maharaja Pariksit, O best protector of the Kuru dynasty, Nanda Maharaja then appointed the local cowherds to protect Gokula and himself went to Mathura to pay the annual tax to King Kamsa.
तात्पर्य
बालकों की हत्या चलने व उसकी खबर हो जाने से बहुत ही भयभीत नन्दमहाराज ने नवजात शिशु की रक्षा के लिए पशुचारकों को नियुक्त किया। तथा वे कर देने के लिए एवं नवजात शिशु के प्रसाद को देने के लिए मथुरा की ओर शीघ्र ही जाने लगे। शिशु रक्षा के लिए देवताओं एवं पितरों की पूजा की तथा यथावश्यक दान किया। इसी प्रकार कंस को वार्षिक कर देने के साथ ही कुछ भेंट भी भेंटकर संतुष्ट करने की इच्छा नन्द महाराज की थी। एकमात्र चिन्ता भगवान कृष्ण की रक्षा के विषय में थी।
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥