Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 bhagavat 10.49.12: जो लोग मृत्यु और फिर से जन्म लेने से डरते हैं उनके लिए मैं तुम्हारे मोक्ष प्रदान करने वाले चरणकमलों के आलावा कोई और आसरा नहीं देखती क्योंकि तुम परमेश्वर हो। | bhagavat अध्याय 10.49: अक्रूर का हस्तिनापुर जाना । bhagavat स्कन्ध 10: परम पुरुषार्थ । श्रीमद् भागवतम Srimad Bhagavatam | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
जो लोग मृत्यु और फिर से जन्म लेने से डरते हैं उनके लिए मैं तुम्हारे मोक्ष प्रदान करने वाले चरणकमलों के आलावा कोई और आसरा नहीं देखती क्योंकि तुम परमेश्वर हो।
For those who are afraid of death and rebirth, I see no other refuge than Your liberating feet, for You are the Supreme Lord.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥