कभी-कभी वे चकोर, क्रौंच, चक्राह्व, भारद्वाज जैसी चिड़ियों के भाँति बोलते और कभी छोटे प्राणियों के साथ शेर, बाघ का डर दिखाते हुए भागने लगते।
Sometimes they would scream imitating birds like Chakor, Krauncha, Chakrahva, Bharadwaj and sometimes they would run away with small animals in artificial fear of tigers and lions.
तात्पर्य
'भीत-वत्' शब्द, "मानो भयभीत हो," यह दर्शाता है कि भगवान कृष्ण एक साधारण लड़के की तरह ही खेले और शेरों और बाघों के नकली भय में छोटे वन जीवों के साथ भागे। दरअसल, वृंदावन में, भगवान का निवास, शेर और बाघ हिंसक नहीं होते हैं, और इस प्रकार उनसे डरने का कोई कारण नहीं है।
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥