“मेरे प्यारे बच्चे, यदि तुम अपनी सभी इच्छाओं को पूरा करना चाहते हो, तो कृपया केशीघाट पर स्नान करो और फिर मुझसे ब्रह्मांड के भगवान की यह दया स्वीकार करो।”
“My dear child, if you want to fulfill all your desires, please take a bath at Keshighat and then accept this mercy from me, the Lord of the Universe.”
तात्पर्य
सामान्य तौर पर हम परम प्रभु की दया को कुछ अमूर्त के रूप में मानते हैं, परंतु ब्राम्हण ने इसे "यह दया" कह कर कहा जैसे यह उनके सामने एक प्रत्यक्ष वस्तु थी। उन्होंने गोपा-कुमार से कहा "बस इसे मुझसे ले लो" जैसे इसे वास्तव में अपने हाथों में स्थापित कर रहे हों।
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥